अयोध्या - बसखारी मार्ग पर इन दिनों अकबरपुर कोतवाली क्षेत्र से लेकर अहिरौली थानाक्षेत्र तक सड़क किनारे के शीशम जामुन बरगद व आम समेत तमाम कीमती इमारती लकड़ियों वाले विशालकाय पेड़ काटे जा रहे हैं। इसकी जिम्मेदारी वन निगम को मिली है। यहां से कटान हुई लकड़ी को ठेकेदारों द्वारा वन निगम के सरकारी डिपो में सुरक्षित रखा जाता है।
कटान स्थल से लेकर डिपो तक जाने से पहले लकड़ियों के बोटे पर नंबरिग तथा इसे सील आदि करने की कवायद होती है। इसी बीच वन निगम के कर्मियों द्वारा ठेकेदारों से मिलीभगत कर कीमती लकड़ियों को रात के अंधेरे में चोरी कर बेचने का खेल चल रहा है। गत शुक्रवार की रात वन विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों ने इसे पकड़ लिया। कटेहरी बाजार के पास सड़क किनारे से काटी गई करीब 50 से 60 बोटा लकड़ी कोतवाली अकबरपुर के गनेशपुर गांव में दो ट्रालियों पर लाद कर बेचने के लिए यहां छिपाई गई थी।
वन विभाग के कर्मियों ने इसे अभिरक्षा में लेकर उच्चाधिकारियों को अवगत कराया। प्रभागीय वनाधिकारी दिव्या ने बताया कि सरकारी लकड़ी के गांव में बरामद होने के बारे में वन निगम के कर्मी अभिलेख नहीं दिखा सके। इसे विभाग की नर्सरी में सुरक्षित रखा गया है। मामले की जांच कराई जा रही है।
