अम्बेडकरनगर। निकाय चुनाव की तारीख की घोषणा होने के बाद टिकट को लेकर समाजवादी पार्टी में घमासान मचा है। चुनाव लड़ने वाले दावेदारों को चुनाव से पहले टिकट के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है। टिकट पाने के लिए दावेदार दिन रात जिले से लेकर लखनऊ तक अपने करीबी नेताओं से मिलकर टिकट पक्का करने में जुटे हैं।
अकबरपुर नगर पालिका की सीट सामान्य होने के बाद सबसे ज्यादा चर्चा में है और चुनाव लड़ने की सबसे ज्यादा होड़ यही लगी है।अकबरपुर नगर पालिका अध्यक्ष की सीट आरक्षण में इस बार सामान्य होने के बाद यहां चुनाव लड़ने वाले दावेदारों की संख्या बढ़ गई है। चुनाव की घोषणा होने से पहले दावेदार शहर में जगह-जगह अपना बैनर पोस्टर लगाकर दावेदारी पेश कर रहे थे।
चुनाव के बाद सपा ने चुनाव लड़ने वाले दावेदारों से अपनी दावेदारी पेश करने को कहा, जिसमें सात लोगों ने सपा जिलाध्यक्ष जंगबहादुर यादव के सामने अपना प्रोफार्मा जमा किया, जिनमें प्रमुख रूप से पूर्व रनर प्रत्याशी मो. अकमल जुगनू की पत्नी नाजरीन बेगम, युवा नेता महेंद्र यादव, पूर्व ब्लॉक प्रमुख शारदा राजभर और उत्तम शामिल हैं। इनमें हाजी अकमल जुगनू पिछली बार निर्दलीय चुनाव लड़े थे और वह रनर प्रत्याशी रहे हैं।
चुनाव हारने के बाद से वह लगातार लोगों के बीच में रहे हैं और सामाजिक कार्यों में बढ़चढ़ का हिस्सा लेते हैं। इसलिए उनकी उम्मीदवारी मजबूत मानी जा रही है। वहीं, महेंद्र यादव सपा यूथ विंग छात्र सभा के प्रदेश सचिव रह चुके हैं और लगातार लोगों के सुख-दुख में शामिल रहे हैं। वह अपने संघर्ष के बल पर दावेदारी पेश कर रहे हैं।
दूसरी तरफ शारदा राजभर अकबरपुर के विधायक राम अचल राजभर की करीबी होने के कारण अपना टिकट पक्का मान रही है।
सपा जिलाध्यक्ष जंग बहादुर यादव ने बताया कि अकबर पुर नगर पालिका का चुनाव लड़ने के लिए सात दावेदारों ने अपनी दावेदारी पेश किया है। सभी के नामो की लिस्ट प्रदेश नेतृत्व को भेज दिया गया है। प्रदेश नेतृत्व जिसको टिकट देगा वही चुनाव लड़ेंगे।
