अम्बेडकरनगर। उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर में हो रही बर्फबारी का असर दिखने लगा है। हिमालयीय क्षेत्र से चलने वाली उत्तरी पश्चिमी हवाओं ने ठंड के साथ ही गलन बढ़ा दी है। हल्की फुल्की धूप खिल रही है लेकिन हवाओं के चलते धूप भी बेअसर साबित हो रही है।
तेज चलने वाली पछुआ हवाओं से गलन और तेज हो गई। लोग घरों में दुबक गए है। वहीं राहगीर अलाव की तलाश में भटकते रहे। इसके चलते तापमान में भी कमी आई है। मौसम विज्ञानियों के अनुसार आने वाले दिनों में गलन व ठंडी और बढ़ने की उम्मीद है। मौसम विज्ञानियों के अनुसार उत्तराखंड, हिमांचल में बर्फबारी और उत्तरी पश्चिमी हवाओं के चलते ठंडी में इजाफा हुआ है। कोल्ड फ्रंट का असर होने से शीतलहर चलने की संभावना है, ठंडी और गलन दोनों बढ़ेगी।
चिकित्सकों ने बच्चों और बुर्जुगों का विशेष ध्यान रखने की सलाह दी है। चिकित्सकों ने बताया कि गलन और ठंड से बच्चों को निमोनिया, सर्दी खांसी की शिकायत होती है। वहीं बुर्जुगों को हर्ट अटैक के साथ सीने में जकड़न की समस्या आती है। बुर्जुग सुबह टहलने से बचें। ऐसे में अभिभावकों और परिजनों को दोनों का विशेष ध्यान रखने की जरूरत है। घरों से बाहर निकलते समय गर्म कपड़े पहनकर निकलें।