अम्बेडकरनगर :10 साल से बंद रेलवे क्रॉसिंग विधानसभा चुनाव में बना बड़ा चुनावी मुद्दा

अम्बेडकरनगर :10 साल से बंद रेलवे क्रॉसिंग विधानसभा चुनाव में बना बड़ा चुनावी मुद्दा


अम्बेडकरनगर।
जिले में जब चुनाव आता है तो जनता अपनी मांगें भी उठाने लगती है। जिला मुख्यालय पर 10 साल से बंद रेलवे क्रॉसिंग विधानसभा चुनाव में बड़ा चुनावी मुद्दा बन गया है। बढ़ते जाम की समस्या से निजात दिलाने के लिए अकबरपुर रेलवे क्रॉसिंग पर ओवरब्रिज का निर्माण तो करा दिया गया, लेकिन रेलवे क्रॉसिंग को स्थायी रूप से बंद कर दिया गया। रेलवे क्रॉसिंग बंद होने से आसपास के व्यापारियों का जहां व्यापार चौपट हो गया, वहीं स्कूली बच्चे और आसपास के लोग अब भी अपनी जान को जोखिम में डाल कर क्रॉसिंग पार करके आते-जाते हैं।

पुरानी तहसील से बस स्टेशन और पटेल नगर तक लगने वाले जाम से निजात दिलाने के लिए 2007 में तत्कालीन मुख्यमंत्री मायावती ने ओवरब्रिज का शिलान्यास करवाया। 2012 तक इसका निर्माण कार्य पूरा हो गया और यह जनता के आवागमन के लिए खोल दिया गया। ओवरब्रिज के निर्माण में रेलवे ने जितनी दूर रेलवे क्रॉसिंग की एरिया है, उतनी दूर उसने ब्रिज का निर्माण करवाया। यही वजह थी और जब फ्लाई ओवर आवागमन के लिए चालू कर दिया गया तो रेलवे विभाग ने क्रॉसिंग को स्थायी रूप से बंद कर दिया।

2012 में रेलवे क्रॉसिंग बंद होने के बाद सड़क के दोनों तरफ के व्यापारियों के व्यापार पर इसका बड़ा असर पड़ा। साथ ही इस रास्ते पर सरकारी और प्राइवेट मिलाकर आधा दर्जन स्कूल-कॉलेज हैं, जिससे बच्चों को जोखिम में जान डालकर स्कूल जाना पड़ता है। इन्हीं समस्याओं से निजात दिलाने के लिए और रेलवे क्रॉसिंग को खुलवाने के लिए किसान यूनियन और कांग्रेस नेताओं ने कई महीने तक धरना दिया।

हालांकि उस समय तत्कालीन सांसद हरिओम पांडेय ने लोगों को भरोसा दिलाया कि क्रॉसिंग खुलवाने के लिए वह संसद में आवाज उठाएंगे और रेल मंत्री से बात कर इसे खुलवाएंगे। उनके वादे पर लोगों ने धरना तो समाप्त कर दिया, लेकिन क्रॉसिंग अभी तक नहीं खुल सकी। शास्त्रीनगर निवासी रतिपाल ने बताया, क्रॉसिंग बंद होने से आने-जाने वालों को परेशानी होती है। 

क्रॉसिंग का मुद्दा कई बार बना, लेकिन जनप्रतिनिधि इस पर ध्यान नहीं देते हैं। सांसद रितेश पांडेय को यह मुद्दा संसद में उठाना चाहिए और क्रासिंग को खुलवाना चाहिए या अंडरपास का निर्माण करना चाहिए। अकबरपुर निवासी वेद प्रकाश ने कहा, क्रॉसिंग बंद होने से सबसे ज्यादा समस्या स्कूली बच्चोंं को होती है, जो अपनी जान को जोखिम में डालकर स्कूल आते-जाते हैं। उन्होंने कहा कि सरकार को क्रॉसिंग खुलवा देना चाहिए।

Post a Comment

और नया पुराने